पश्चिमी चम्पारणबिहार

मधुरी में आयोजित किसान चौपाल में जानकारी देते कृषि पदाधिकारी अशोक कुमार सहनी।

मैनाटाड़ संवाददाता पंकज कुमार

जल संचय से ही जीवन और हरियाली संभव है। इसके लिए हरेक को प्रयास करने की जरूरत है। उक्त बातें प्रखंड कृषि पदाधिकारी अशोक कुमार सहनी ने प्रखंड के मधुरी गांव में आत्मा के तत्वावधान में आयोजित जल जीवन हरियाली विषय पर किसान गोष्ठी में कहीं। उन्होंने मौजूद किसानों को संबोधित करते हुवे कहा कि जल संचय एवं कृषि जैविक पद्धति पर हमलोगों को विशेष ध्यान देना होगा। जैविक खेती करने से मिट्टी की उर्वरता व जलधारण क्षमता में वृद्धि होगी। मिट्टी की शक्ति भी बनी रहेगी। साथ ही मानव स्वास्थ्य में सुधार की संभावना बढ़ेगी और खेती की लागत में कमी आयेगी।वही जल जीवन हरियाली योजना के तहत तलाब,प‌इन,पोखरा आदि की खुदाई और सफाई पर जोर दिया।वही किसान संगोष्ठी में कृषि क्षेत्र में संचालित योजनाओं पर भी बीएओ ने विस्तार से प्रकाश डाला।साथ ही कहा कि आप सभी किसान सरकार के द्वारा चलाये जा रहे कृषि योजना का लाभ उठायें। संगोष्ठी की अध्यक्षता आत्मा अध्यक्ष रवि भूषण कुशवाहा ने किया। मौके पर प्रदीप पटेल, प्रबंध तकनीकी पूरेशवर गुप्ता, श्रीकांत नित्यानंद, कृषि समन्वय जितेंद्र पांडेय, विजय कुमार आदि मौजूद रहे।